डाक टाइम्स न्यूज ब्यूरो कुशीनगर ।
जिला समाज कल्याण अधिकारी विनय कुमार ने उ0प्र0 शासन द्वारा निर्गत आदेश के क्रम में बताया कि छात्रवृत्ति पोर्टल पर SNO/ DNO/ INO/ HOI/ Students की आधार बेस ई-के०वाई०सी० पूर्ण करने के उपरांत आधार बेस बायोमैट्रिक सत्यापन कराये जाने का निर्देश दिए गए हैं। उक्त पत्र के द्वारा राज्य नोडल अधिकारी (SNO)आर०पी० सिंह उपनिदेशक, मुख्यालय की उपस्थिति में छात्रवृत्ति पोर्टल पर समस्त जिला समाज कल्याण अधिकारियों ई-के०वाई०सी० एवं आधार बेस बायोमैट्रिक सत्यापन की कार्यवाही दिनांक 07.10.2024 से 08.10.2024 तक पूर्ण हो गयी है। सचिव, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकार के पत्र के द्वारा वर्ष 2024-25 सें सभी शिक्षण संस्थानों में अध्ययनरत छात्र/छात्राओं तथा नोडल अधिकारी, शिक्षण संस्थानों के प्रमुख / प्राचार्य, जिला समाज कल्याण अधिकारी तथा राज्य नोडल अधिकारी का आधार बेस ई-के०वाई०सी० कराये जाने के निर्देश दिये गये है। वित्तीय वर्ष 2024-25 में छात्रों के बायोमैट्रिक सत्यापन कराने के बाद (राज्य नोडल अधिकारी की उपस्थिति में (जिला नोडल अधिकारी) का बायोमैट्रिक सत्यापन के बिना छात्रों के आवेदन पत्र अग्रसारित नही हो पायेगें। वित्तीय वर्ष 2024-2025 से सर्वप्रथम प्रदेश सरकार द्वारा संचालित छात्रवृत्ति पोर्टल SNO /DNO का बायोमैट्रिक सत्यापन, DNO की उपस्थिति में संस्था के INO/HOI (इंस्टीट्यूशन नोडल अधिकारी/हेड ऑफ इंस्टीट्यूशन) का बायोमैट्रिक सत्यापन, INO/HOI की उपस्थिति में छात्र/छात्राओं का बायोमैट्रिक सत्यापन किया जाना है, जिसके अंतर्गत निर्देशित किया गया है कि-संस्थान का बायोमेट्रिक आथेन्टिकेशन करने के लिए सर्वप्रथम DNO (जिला समाज कल्याण अधिकारी) का बायोमैट्रिक वेरीफिकेशन होगा, जोकि दिनांक 07.10.2024 व दिनांक 08.10.2024 को निदेशायल में किया जा चुका है। DNO का बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन के उपरान्त ही संस्थानो के INO/HOI बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन की कार्यवाही होगी। बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन की कार्यवाही करने हेतु उन्ही संस्थानों का नाम प्रदर्शित होगा जिन संस्थानों ने छात्रवृत्ति पोर्टल से ई-के०वाई०सी० की कार्यवाही पूर्ण की है। INO/HOI के बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन के उपरान्त ही छात्र/छात्राओं के बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन की कार्यवाही होगी। बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन की कार्यवाही करने हेतु उन्ही छात्र/छात्राओं का नाम प्रदर्शित होगा जिसमें संस्थानों ने छात्रवृत्ति पोर्टल से जिस छात्र का आवेदन वेरीफाई किया होगा तथा बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन के उपरान्त ही छात्र का आवेदन पत्र पोर्टल से अग्रसारित हो सकेगा।. संस्थानों द्वारा छात्रवृत्ति पोर्टल पर छात्रवृत्ति का समस्त कार्य INO/HOI की डी०एस०सी० के माध्यम से किया जाता है। भारत सरकार के निर्देशों के कम में वित्तीय वर्ष 2024-25 से INO/HOI के बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन की कार्यवाही की जानी है SNO/DNO द्वारा यदि किसी की डी०एस०सी० रिसेट की जाती है तो सम्बन्धित की ई-केवाईसी / बायोमैट्रिक ऑथेन्टिकेशन स्वतः निरस्त हो जाएगा। उन्होंने बताया कि जिला समाज कल्याण अधिकारी द्वारा अपनी उपस्थिति में जनपद के सभी INO/HOI का सभी का बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन हेतु जनपद स्तर दिनाक 14.10.2024 से 16.10.2024 तक कार्यवाही पूर्ण कराये जाने हेतु निर्देशित किया गया है। जिसके क्रम में उन्होंने जनपद में स्थित समस्त शिक्षण संस्थान को निर्देशित किया है कि चरण बद्ध निर्देशों को ससमय कड़ाई से अनुपालन करना सुनिश्चित करें, जिससे छात्रवृत्ति सम्बन्धित समस्त कार्यवाही ससमय पूर्ण की जा सके। चरण एक समस्त शिक्षण संस्थान छात्रवृत्ति पोर्टल पर INO/HOI (Institute Nodal Officer/Head Of Institution), जिनका DSC बना है, का आधार ई-के०वाई०सी० की कार्यवाही 2 दिवस के अन्दर पूर्ण करें। चरण दो समस्त शिक्षण संस्थान अपने INO/HOI का आधार ई-के०वाई०सी० की कार्यवाही पूर्ण करने के उपरांत सम्बन्धित शिक्षण संस्थान के INO/HOI जिला समाज कल्याण अधिकारी (DNO) कार्यालय उपस्थित होकर बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन दिनांक 14.10.2024 से 16.10.2024 के मध्य कराना सुनिश्चित करें।
चरण तीन समस्त शिक्षण संस्थान अपने INO/HOI का आधार ई-के०वाई०सी० तथा बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन की कार्यवाही पूर्ण करने के उपरांत सम्बन्धित शिक्षण संस्थान अपने छात्रों (जो छात्रवृत्ति हेतु ऑनलाइन आवेदन किये है, का फार्म अग्रसारित करने हेतु) बायोमैट्रिक आथेन्टिकेशन के लिए बायोमैट्रिक डिवाइस (AccessFM220UL1) का होना / क्रय करना अनिवार्य है। *चरण चार* समस्त शिक्षण संस्थान को बायोमैट्रिक डिवाइस को चलाने हेतु https//www.acpl.in.net/RdService.html?
की पर जाकर निम्नानुसार 02 डिवाइस ड्राइवर डाऊनलोड किया जाना है:- 1-Windows Certified RD Service For L1 Devices.
2-Windows Support Tools For L1 Devices उक्त दोनो ड्राइवर डाउनलोड होने के पश्चात् कम्प्यूटर सिस्टम में इंस्टाल किया जाना है। तदोपरांत शिक्षण संस्थान सम्बन्धित छात्र का आवेदन पोर्टल से अग्रसारित कर सकेंगे।





